जयपुर, 8 अप्रैल। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री अविनाश गहलोत ने आगामी महात्मा ज्योतिबा फुले और अंबेडकर जयंती को जिला और संभाग स्तर पर धूमधाम से मनाने के लिए अनुसूचित जाति/जनजाति के प्रबुद्धजनों और राज्य स्तरीय सामाजिक संगठनों/संस्थाओं के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की और कार्यक्रम को वृहद बनाने के लिए सुझाव लिए।
गहलोत ने बुधवार को मुख्यालय अंबेडकर भवन में आयोजित अहम बैठक में अनुसूचित जाति/जनजाति के प्रबुद्ध नागरिकों-प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर कार्यक्रम के सफल होने की कार्ययोजना बनाई।उन्होंने बताया कि 14 अप्रैल को होने वाले राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा की गरिमामय उपस्थिति रहेगी। गहलोत ने बताया कि 11 से 14 अप्रेल तक चार दिवसीय भव्य कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि 11 अप्रैल को कार्यक्रम का शुभारंभ महात्मा ज्योतिबा फुले की जयंती के साथ होगा। प्रदेश के प्रत्येक जिला मुख्यालय पर जिला कलेक्टरों द्वारा महात्मा ज्योतिबा फुले की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित की जाएगी।
सामाजिक न्याय मंत्री ने बताया कि 12 अप्रैल को डॉ. अम्बेडकर के जीवन परिचय और संविधान जागरूकता पर केंद्रित कार्यक्रम होंगे। विशेष रूप से “संविधान को जानें” विषय पर एक ऑनलाइन क्विज प्रतियोगिता का शुभारंभ किया जाएगा, जो 14 अप्रैल तक चलेगी। उन्होंने बताया कि 13 अप्रैल को छात्रावासों और आवासीय विद्यालयों में डॉ. अम्बेडकर के जीवन पर आधारित चलचित्रों (फिल्मों) का प्रदर्शन किया जाएगा। साथ ही, विभिन्न विभागों द्वारा स्वच्छता कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
गहलोत ने बताया कि 14 अप्रैल को बाबा साहेब की जन्म जयंती का राज्य स्तरीय कार्यक्रम श्री भवानी निकेतन महाविद्यालय जयपुर एवं सभी जिला मुख्यालय एवं ब्लॉक स्तर पर आयोजित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि समारोह में संविधान प्रस्तावना का वाचन, संविधान शपथ एवं अन्य कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान जिला एवं राज्य स्तरीय अंबेडकर पुरस्कार और प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत भी किया जाएगा।
गहलोत ने बताया कि आयोजन का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को भारतीय संविधान की महत्ता और डॉ. अम्बेडकर के सामाजिक न्याय के सिद्धांतों से आत्मसात कराना है। उन्होंने कहा कि कार्यक्रमों में उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग, स्कूल शिक्षा विभाग और स्वायत्त शासन विभाग सहित विभिन्न विभागों एवं सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी रहेगी।
बैठक में आयुक्त उच्च शिक्षा डॉ. ओमप्रकाश बैरवा, अतिरिक्त निदेशक जेपी बैरवा, सूंडाराम मीणा सहित राष्ट्रीय मेघवाल समाज संघ, एससी-एसटी आरक्षण मंच, अखिल भारतीय खटीक समाज, संपूर्ण भारतीय बैरवा विकास संस्था, राजस्थान शिक्षक संघ अम्बेडकर अनुसूचित जाति-जनजाति कल्याण समिति, नायक समाज, धोबी समाज, जाटव, कोली, घुमन्तु, सांसी समाज एवं रेगर महासभा के अध्यक्ष, अखिल भारतीय बैरवा महासभा के संरक्षक सहित अन्य प्रतिनिधिगण उपस्थित रहे।











