सम्पादक/ राजस्थान की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। Madan Dilawar ने कांग्रेस सांसद Rahul Gandhi को लेकर बेहद तीखा और विवादित बयान दिया है। कोटा जिले के Ramganj Mandi में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान शिक्षा एवं पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर ने राहुल गांधी को “देश का सबसे बड़ा गद्दार” तक कह दिया। राहुल गांधी पर लगाए गंभीर आरोप
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री दिलावर ने राहुल गांधी पर आतंकवादियों का समर्थन करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी और उनकी मां देश को तोड़ने वाली बातें करते हैं। दिलावर ने बयान देते हुए कहा कि जब भारतीय सेना ने आतंकवादियों को मार गिराया था, तब राहुल गांधी की मां पूरी रात रोई थीं। उन्होंने राहुल गांधी को “नीच” और “निकम्मा” तक कह दिया।
मंत्री ने कहा कि राहुल गांधी विदेशों में जाकर देश के खिलाफ बयान देते हैं और देश के दुश्मनों के साथ खड़े दिखाई देते हैं। उन्होंने कहा: “राहुल गांधी प्रधानमंत्री को गद्दार कहते हैं, जबकि असल में वही देश के सबसे बड़े गद्दार हैं।” दिलावर ने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि राहुल गांधी को अपनी हरकतें बंद कर देनी चाहिए, वरना जनता उन्हें माफ नहीं करेगी।
कांग्रेस ने जताई नाराजगी
मदन दिलावर के इस बयान के बाद कांग्रेस नेताओं ने कड़ी प्रतिक्रिया देनी शुरू कर दी है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि यह बयान लोकतांत्रिक मर्यादाओं के खिलाफ है और सत्ता में बैठे नेताओं को इस तरह की भाषा का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए राजनीतिक जानकारों का मानना है कि राजस्थान में आगामी राजनीतिक माहौल को देखते हुए नेताओं के बयान लगातार आक्रामक होते जा रहे हैं।
63 करोड़ के जिला अस्पताल की रखी आधारशिला
दरअसल, यह कार्यक्रम रामगंजमंडी विधानसभा क्षेत्र में करीब 63 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले जिला अस्पताल की आधारशिला रखने के लिए आयोजित किया गया था। इस मौके पर Om Birla सहित कई जनप्रतिनिधि और स्थानीय लोग मौजूद रहे। लगभग 200 बेड वाले इस अस्पताल के करीब डेढ़ साल में तैयार होने की उम्मीद है। अस्पताल बनने के बाद क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकेंगी।
बयान से बढ़ सकता है राजनीतिक विवाद
मदन दिलावर अपने तीखे बयानों को लेकर पहले भी कई बार सुर्खियों में रह चुके हैं। लेकिन इस बार राहुल गांधी को लेकर दिए गए उनके बयान ने प्रदेश की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। अब देखने वाली बात यह होगी कि कांग्रेस इस मुद्दे को कितना बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनाती है और भाजपा की ओर से इस बयान पर आगे क्या प्रतिक्रिया आती है।




