प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यहां अत्याधुनिक तकनीक से लैस एचपीसीएल पचपदरा रिफाइनरी का विधिवत उद्घाटन करेंगे। इस बहुप्रतीक्षित कार्यक्रम को लेकर प्रशासन, एचपीसीएल प्रबंधन और भाजपा संगठन युद्धस्तर पर तैयारियों में जुटे हुए हैं। कार्यक्रम स्थल को भव्य रूप देने के लिए बड़े पैमाने पर निर्माण कार्य जारी है। क्रेनों की मदद से विशाल डोम तैयार किए जा रहे हैं, जहां करीब 300 मजदूर दिन-रात काम कर रहे हैं। सभा स्थल पर 100 से ज्यादा लाउड स्पीकर लगाए जा रहे हैं, ताकि अंतिम छोर पर बैठे लोगों तक भी प्रधानमंत्री का संबोधन स्पष्ट रूप से पहुंच सके।
साथ ही भीषण गर्मी को ध्यान में रखते हुए सैकड़ों पंखों के साथ लगभग 100 कूलरों की व्यवस्था की जा रही है, जिससे भीड़ को गर्मी से राहत मिल सके। साथ ही पांडाल के अंदर और बाहर बड़ी एलईडी स्क्रीन भी लगाई जा रही है, ताकि दूर बैठे लोग भी कार्यक्रम का सीधा प्रसारण देख सकें।

2 लाख लोगों के जुटने की संभावना
जिला कलेक्टर सुशील कुमार यादव ने बताया कि कार्यक्रम में आने वाले लोगों की सुविधा के लिए पार्किंग व्यवस्था को विशेष रूप से तैयार किया गया है। इसके लिए कुल 9 बड़े पार्किंग स्थल चिन्हित किए गए हैं और सभी पार्किंग स्थल सभा स्थल से 1 किलोमीटर के दायरे में हैं। इन पार्किंग स्थलों पर लगभग 15,000 कारों और 4,000 बसों के लिए अलग-अलग व्यवस्था की गई है। दुपहिया वाहनों के लिए भी पृथक व्यवस्था की गई है।
यातायात पुलिस की तैनाती
प्रशासन ने यह सुनिश्चित किया है कि कार्यक्रम के दौरान किसी भी मार्ग पर जाम की स्थिति न बने और लोगों को सुगम आवागमन मिले। इसके लिए जगह-जगह पर यातायात पुलिस और स्वयंसेवकों की तैनाती की गई है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 21 अप्रैल को विशेष विमान से बाड़मेर के उत्तरलाई एयरपोर्ट पहुंचेंगे। वहां से वे हेलीकॉप्टर के जरिए सीधे पचपदरा रिफाइनरी के हेलीपैड पहुंचेंगे। रिफाइनरी परिसर में वे लगभग एक घंटे तक विभिन्न तकनीकी प्रक्रियाओं का अवलोकन करेंगे। इस दौरान केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पूरी , मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सहित राज्य सरकार और एचपीसीएल के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहेंगे।
सुरक्षा और सुविधा
जिला प्रशासन ने इस आयोजन को सफल और सुव्यवस्थित बनाने के लिए हर स्तर पर सूक्ष्म योजना तैयार की है। पार्किंग स्थलों पर साइन बोर्ड, सुरक्षा व्यवस्था और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसके अलावा ट्रैफिक, सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन के लिए लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है, ताकि कार्यक्रम बिना किसी बाधा के सफलतापूर्वक संपन्न हो सके। कुल मिलाकर 21 अप्रैल को बालोतरा में होने वाला यह कार्यक्रम न केवल एक औद्योगिक परियोजना का उद्घाटन है, बल्कि यह पश्चिमी राजस्थान के विकास की दिशा में एक बड़ा कदम भी माना जा रहा है।










