जयपुर, 31 मार्च। शिक्षा एवं पंचायतीराज मंत्री मदन दिलावर मंगलवार को उदयपुर प्रवास पर रहे। इस दौरान उन्होंने बड़गांव पंचायत समिति की ग्राम पंचायत वाटी, बड़गांव और बेदला में आईआईएफएल फाउंडेशन द्वारा निर्मित राजकीय विद्यालयों के नवनिर्मित भवनों, कंप्यूटर लैब सहित अन्य सुविधाओं का लोकार्पण किया। इस अवसर पर वाटी में समारोह को संबोधित करते हुए दिलावर ने कहा कि संस्था ने बहुत अच्छा और गुणवत्तापूर्ण कार्य किया है। स्थानीय विद्यालय का बोर्ड परीक्षा परिणाम भी सराहनीय रहा है। उन्होंने दसवीं और बारहवीं बोर्ड परीक्षाओं में उल्लेखनीय प्रदर्शन करने वाले प्रतिभावान विद्यार्थियों को सम्मानित किया।
उन्होंने बच्चों से कहा कि मेवाड़ की वीर भूमि के महापुरुषों से प्रेरणा लेकर आगे बढ़ें। बच्चों को गुणवत्तापूर्ण और मानवीय मूल्यों से ओतप्रोत शिक्षा मिलें हमारा यह प्रयास है। इसके लिए शिक्षकों के क्षमतावर्धन हेतु समय-समय पर कार्यशालाएं और सेमिनार भी आयोजित कर रहे हैं। संस्कार केवल शिक्षा ग्रहण करने से नहीं आते बल्कि आसपास के वातावरण का इसमें अहम योगदान रहता है। गुरुजनों को यह ध्यान रखना पड़ेगा कि बच्चे हमारी प्रत्येक गतिविधि से सीखते है। इसी माध्यम से वे गुण-अवगुण प्राप्त करते हैं।

शिक्षा विभाग निरंतर अच्छे परिणाम के साथ ही सही दिशा में कार्य कर रहा है। आज प्रदेश शिक्षा में देशभर में 14वें से चौथे स्थान पर आ गया है। इसमें हमारे शिक्षकों—अधिकारियों और बच्चों का बड़ा योगदान है। पहली बार बोर्ड की परीक्षाओं का परिणाम मार्च माह में ही घोषित हो गया है। नए सत्र में सभी बच्चों के हाथों में पाठ्यपुस्तकें होंगी, यह बहुत बड़ी उपलब्धि है। सभी गुरुजन अभिभावकों को अपने बच्चों को सरकारी विद्यालयों में प्रवेश दिलवाने हेतु प्रेरित करें। कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे, यह हमने संकल्प लिया है।
उन्होंने कहा कि अब निजी विद्यालयों की अपेक्षा सरकारी विद्यालयों में अच्छी और गुणवत्तापूर्ण पढ़ाई हो रही है। सरकारी विद्यालयों में प्रवेश के लिए किसी प्रकार के इंटरव्यू नहीं होते, हम अच्छे और संस्कारवान विद्यार्थी तैयार कर रहे हैं। श्री दिलावर ने अभिभावकों से आह्वान किया कि अपने नौनिहालों को सरकारी विद्यालयों में भेजें, हम अच्छे नागरिक तैयार करेंगे। उन्होंने कहा कि भारत सरकार के अगले शिक्षा सर्वें में प्रदेश पहले स्थान पर हो इस दिशा में हमें मिलकर कार्य करना है। कम परिणाम देने वालों अध्यापकों पर कार्यवाही भी हो सकती है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में तैयार नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति रोजगारपरक है। इसमें शुरू से ही व्यावसायिक शिक्षा का प्रावधान है।
दिलावर ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के विद्यालयों के परिसरों की साफ-सफाई पंचायतीराज विभाग के माध्यम से होगी। पेपर आउट की संभावनाएं भी समाप्त करने की दिशा में आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। केंद्र और राज्य सरकार के सहयोग से जर्जर विद्यालय भवनों को ध्वस्त कर नए भवन तैयार करने की कार्यवाही तेजी से की जा रही है। अब हमारे विद्यालय किसी भी स्तर पर निजी विद्यालयों से कम नहीं है।
उन्होंने समारोह में विभागीय अधिकारियों से कहा कि डेपुटेशन पर अन्य कार्य मे लगे शिक्षकों को तत्काल शिक्षण कार्यों में लगाएं। पदोन्नति प्रक्रिया में भी तेजी लायी गयी है। तृतीय श्रेणी शिक्षकों की भी शीघ्र पदोन्नतियां की जाएंगी। दिलावर ने कहा कि गांवों में नियमित साफ-सफाई के निर्देश भी जारी किए गए है। आदेशों की जहां पालना नहीं हो रही वहां जिम्मेदारों के खिलाफ कार्यवाही की गई है और आगे भी की जाएगी। सभी गांवों में आबादी क्षेत्रों में स्थापित मंदिरों को पट्टे जारी करेंगे और स्ट्रीट लाइट लगाई जाएंगी। उन्होंने पॉलीथिन का उपयोग नहीं करने का आह्वान किया। साथ ही, गौ माता के संरक्षण की बात कहीं। वहीं बेदला में आयोजित हुए कार्यक्रम में शिक्षा मंत्री ने बेदला निवासी शहीद शौर्य चक्र विजेता मेजर मुस्तफा एवं शहीद प्रकाश खटीक की माताओं का सम्मान किया और चरण स्पर्श कर आशीर्वाद लिया।
इस अवसर पर उदयपुर ग्रामीण विधायक फूलसिंह मीणा, आईआईएफएल के निर्मल जैन सहित शिक्षा विभाग समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।











