बीकानेर में मेयर चुनाव से पहले कांग्रेस पार्षद को पुलिस नोटिस, 21 सितंबर सुबह 10 बजे थाने बुलाया

बीकानेर में मेयर चुनाव से पहले कांग्रेस पार्षद को पुलिस नोटिस, 21 सितंबर सुबह 10 बजे थाने बुलाया

मतदान के समय ही जांच के लिए पेश होने का निर्देश; प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कार्रवाई की टाइमिंग पर उठाए सवाल

बीकानेर। नगर निगम महापौर चुनाव से एक दिन पहले कांग्रेस पार्षद नवरतन डागा को पुलिस थाना सदर, बीकानेर की ओर से नोटिस जारी किया गया है। नोटिस में उन्हें 21 सितंबर 2026 को सुबह 10 बजे अनुसंधान के संबंध में थाने में उपस्थित होने के निर्देश दिए गए हैं।

पुलिस की ओर से 20 सितंबर को जारी नोटिस में BNSS 2023 की धारा 35(3) का उल्लेख करते हुए अभियोग संख्या 230, दिनांक 4 सितंबर 2026 से संबंधित अनुसंधान में उपस्थित होने को कहा गया है। मामले में BNS 2023 की धाराएं 318(4), 336(3), 340(2) और 61(2) दर्ज हैं। नोटिस के मुताबिक अनुसंधान उप निरीक्षक लक्ष्मण सिंह राठौड़ द्वारा किया जा रहा है।

May be an image of text

जिस समय वोटिंग, उसी समय थाने बुलाया

नोटिस की टाइमिंग इसलिए चर्चा में है क्योंकि 21 सितंबर को ही बीकानेर नगर निगम के महापौर पद के लिए मतदान सुबह 10 बजे से शुरू होना है। ऐसे में कांग्रेस की ओर से सवाल उठाया जा रहा है कि मतदान के समय पार्षद को पुलिस जांच के लिए थाने बुलाने का क्या असर होगा।

डोटासरा ने सोशल मीडिया पोस्ट में उठाए सवाल

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इस मामले पर पुलिस की कार्रवाई की टाइमिंग पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि राजस्थान पुलिस कानून-व्यवस्था के बजाय भाजपा की चुनाव व्यवस्था संभालने में लगी है। उन्होंने पुलिस से भाजपा के कथित षड्यंत्रों में शामिल नहीं होने की अपील भी की।

डोटासरा ने सवाल उठाया कि मेयर चुनाव के मतदान वाले दिन ही पार्षदों को अनुसंधान के नाम पर थाने क्यों बुलाया जा रहा है। यह डोटासरा का राजनीतिक आरोप है; उपलब्ध रिपोर्टों में इस कार्रवाई को पुलिस नोटिस और चल रहे अनुसंधान से जोड़ा गया है।

चुनाव से पहले बीकानेर में नोटिसों को लेकर सियासत

मेयर चुनाव से पहले बीकानेर में कांग्रेस नेताओं को जारी नोटिसों को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज है। इससे पहले कांग्रेस पार्षद मनोज बिश्नोई के होटल को लेकर बीकानेर विकास प्राधिकरण का नोटिस और पूर्व मेयर मकसूद अहमद को पुराने मामले में थाने में पेश होने का नोटिस सामने आया था। कांग्रेस इन कार्रवाइयों की टाइमिंग पर सवाल उठा रही है।

वहीं, नवरतन डागा ने इससे पहले मेयर चुनाव में निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर दाखिल अपना नामांकन वापस ले लिया था। इसके बाद उन्होंने कांग्रेस के अधिकृत प्रत्याशी के समर्थन में काम करने की बात कही थी।

अब 21 सितंबर को होने वाले मतदान के दौरान नवरतन डागा की पुलिस के समक्ष उपस्थिति और चुनावी प्रक्रिया, दोनों को लेकर स्थिति पर नजर रहेगी।

Share