जयपुर के जमवारामगढ़ में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेसी नेता आपसी कलह में उलझे हुए हैं और जनता उनकी लूट और झूठ की राजनीति को अच्छी तरह समझ चुकी है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मन की बात कार्यक्रम को सुनने के बाद आमजन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस के भीतर नेतृत्व को लेकर खींचतान साफ नजर आ रही है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि इंतजार शास्त्र की बात करने वाले नेता दरअसल दिल्ली से बुलावे का इंतजार कर रहे हैं लेकिन उन्हें अपेक्षित महत्व नहीं मिल रहा।
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस के पूर्व घटनाक्रम का जिक्र करते हुए कहा कि एक वरिष्ठ नेता को अपनी ही सरकार के खिलाफ अजमेर से जयपुर तक पैदल मार्च करना पड़ा था और इस दौरान उन्हें शारीरिक परेशानियों का सामना करना पड़ा। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय उनकी ही पार्टी के नेताओं ने उन्हें अपमानित किया, जबकि वर्तमान सरकार ने ऐसे मामलों में सख्त रुख अपनाते हुए माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई की है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने सत्ता में आते ही पारदर्शिता, ईमानदारी और मेहनत के साथ काम करने का संकल्प लिया था और उसी दिशा में लगातार कदम उठाए जा रहे हैं। पेपर लीक मामलों पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सरकार के समय युवाओं के भविष्य को नुकसान पहुंचा, लेकिन वर्तमान सरकार ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई कर इस पर अंकुश लगाया है।
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि कांग्रेस अपने पांच साल के कार्यकाल में जितना काम नहीं कर पाई, उससे अधिक काम उनकी सरकार ने कम समय में कर दिखाया है। उन्होंने कहा कि विधानसभा में इस मुद्दे पर चर्चा के लिए कांग्रेस को चुनौती दी गई थी लेकिन विपक्ष इससे बचता नजर आया।
उन्होंने सोनिया गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व अब भी परिवारवाद की राजनीति में उलझा हुआ है और नए नेतृत्व को आगे बढ़ाने के बजाय परिवार को प्राथमिकता दे रहा है। उन्होंने कहा कि समय के साथ सच्चाई सामने आती है और जनता सब देख रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य सरकार विकास और सुशासन के रास्ते पर आगे बढ़ती रहेगी।











