मशहूर बॉलीवुड निर्माता-निर्देशक रोहित शेट्टी के घर पर हुई फायरिंग के मामले में बड़ा खुलासा सामने आया है. मुंबई क्राइम ब्रांच की जांच में पता चला है कि फायरिंग के लिए बिश्नोई गैंग के शूटर ने अत्याधुनिक कंट्री मेड हथियार का इस्तेमाल किया था. इस हाई-क्वालिटी हथियार से रोहित शेट्टी के घर पर 7.62 एमएम की पांच गोलियां चलाई गई थीं.
बिश्नोई गैंग द्वारा फायरिंग की घटना के बाद मुंबई पुलिस ने रोहित शेट्टी की सुरक्षा बढ़ा दी है। जानकारी के मुताबिक, फायरिंग से पहले उनकी सुरक्षा में दो पुलिस जवान तैनात थे, लेकिन अब उनके घर और व्यक्तिगत सुरक्षा व्यवस्था में और इजाफा किया गया है

अल्ट्रा- मॉडर्न हथियार से हुई फायरिंग
जांच के अनुसार, 7.62 एमएम बुलेट एक व्यापक रूप से इस्तेमाल होने वाला कैलिबर है, जिसका व्यास लगभग 0.308 से 0.311 इंच होता है. इसका उपयोग मुख्य रूप से राइफल और मशीनगन में किया जाता है. इसके दो आम प्रकार—7.62×51 एमएम नाटो (जिसका इस्तेमाल एम14, एफएन एफएएल, एम60 में होता है) और 7.62×39 एमएम (जिसका इस्तेमाल एके-47, एसकेएस में होता है)—प्रचलित हैं. इन बुलेट्स का वजन आमतौर पर 123 से 175 ग्रेन के बीच होता है और यह अपनी उच्च गति, गहरी पैठ और प्रभावशीलता के लिए जानी जाती हैं
क्राइम ब्रांच यह जांच कर रही है कि इन दोनों में से आखिर शूटर ने किस प्रकार की 7.62 एमएम बुलेट का इस्तेमाल किया.साथ ही, जांच के दौरान शूटर के साथ बिश्नोई गैंग के कुछ अन्य गुर्गों के मौके पर मौजूद होने के संकेत मिले हैं, जिनकी पहचान की कोशिश जारी है.
शूटर को मिले थे 10 हजार रूपये
जांच में यह भी सामने आया है कि पुणे से मुंबई शूटर को स्कूटी डिलीवरी कराने के एवज में गिरफ्तार दो आरोपियों सिद्धार्थ येनपूरे और स्वप्निल सकट को कुल 10 हजार रुपये मिले थे.
यह रकम फायरिंग के मास्टरमाइंड शुभम लोनकर ने आरोपी समर्थ पोमाजी को दी थी, जिसने स्कूटी की डिलीवरी के बाद पुणे लौटने पर यह पैसे दोनों आरोपियों को दिए. क्राइम ब्रांच यह भी पता लगा रही है कि वारदात को अंजाम देने के लिए बिश्नोई गैंग की ओर से कुल कितनी रकम दी गई थी.इसके लिए आरोपियों की बैंक ट्रांजेक्शन डिटेल्स खंगाली जा रही हैं.
क्राइम ब्रांच सूत्रों के मुताबिक, फायरिंग के बाद शूटर स्कूटी से कुछ दूरी तक भागा. इसके बाद उसने एक ऑटो चालक से कल्याण जाने के बारे में पूछा, लेकिन चालक ने मना कर दिया. बाद में एक दूसरे ऑटो चालक ने उसे विले पार्ले रेलवे स्टेशन से कुछ पहले छोड़ दिया, जिसका बयान पुलिस ने दर्ज किया है. लोकल ट्रेनें बंद होने के कारण शूटर ने प्राइवेट ट्रांसपोर्ट का सहारा लिया और मुंबई से बाहर फरार हो गया.
सूत्रों का दावा है कि आरोपी शूटर की पहचान हो चुकी है और उसे गिरफ्तार करने के प्रयास तेज कर दिए गए हैं. एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि आरोपी को आइडेंटिफाई कर लिया गया है और कई टीमें उसे ट्रेस करने में जुटी हैं. इस मामले में अब तक एक दर्जन से अधिक लोगों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं








