जयपुर के जयपुर एग्जीबिशन एंड कन्वेंशन सेंटर (जेईसीसी) में आयोजित राजस्थान रीजनल एआई इम्पैक्ट कॉन्फ्रेंस 2026 के उद्घाटन सत्र को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने संबोधित किया। उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस 21वीं सदी में मानवता के लिए एक नया कोड लिख रहा है। उन्होंने कहा कि एआई विकसित राजस्थान के लक्ष्यों को प्राप्त करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है और इसके विवेकपूर्ण उपयोग से ई-गवर्नेंस तथा डिजिटल समावेशन को और अधिक सशक्त बनाया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि एआई स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि और प्रशासन जैसे क्षेत्रों में सकारात्मक परिवर्तन ला रहा है, जिससे आमजन के जीवन स्तर में सुधार हो रहा है। उन्होंने उद्यमियों, निवेशकों और युवाओं से आह्वान किया कि वे एआई आधारित नवाचारों के लिए राजस्थान को अपना केंद्र बनाएं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत एआई को राष्ट्रीय शक्ति के रूप में विकसित कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार की एआई-एमएल पॉलिसी 2026 से पारदर्शी, निष्पक्ष और निजता-संरक्षित एआई सिस्टम को बढ़ावा मिलेगा। इस नीति से सार्वजनिक सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार, प्रशासनिक दक्षता में वृद्धि और साइबर अपराधों से निपटने की क्षमता मजबूत होगी। राज्य में एआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना, स्कूलों, आईटीआई, पॉलिटेक्निक और कॉलेजों में एआई शिक्षा को प्रोत्साहन दिया जाएगा।
केन्द्रीय सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम को संबोधित करते हुए घोषणा की कि राजस्थान में 5 हजार युवाओं को कौशल प्रशिक्षण दिया जाएगा तथा राज्य में डेटा सेंटर की स्थापना की जाएगी। उन्होंने कहा कि एआई भविष्य में हर व्यक्ति और हर उद्यम का अभिन्न हिस्सा बनेगा।
केन्द्रीय सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता तकनीक का लोकतंत्रीकेरण है, ताकि एआई का लाभ गांव और समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने बताया कि भारत शीघ्र ही एक वैश्विक एआई शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने नेशनल एआई लिटरेसी प्रोग्राम, राजस्थान एआई-एमएल पॉलिसी 2026, राजस्थान एआई पोर्टल सहित कई डिजिटल पहलों का शुभारंभ किया। इस दौरान विभिन्न एमओयू का होलोग्राफिक तकनीक के माध्यम से जीवंत प्रसारण भी किया गया।
इस दौरान नेशनल एआई लिटरेसी प्रोग्राम, राजस्थान एआई-एमएल पॉलिसी 2026, आई स्टार्ट एलएमएस, राजस्थान एवीजीसी-एक्सआर पोर्टल, राजस्थान एआई पोर्टल को लॉन्च किया। साथ हीं होलोग्राफी के जरिए राजस्थान सरकार और गूगल, आईआईटी दिल्ली, नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी जोधपुर सहित विभिन्न संस्थाओं के साथ एमओयू साइन इवेंट को प्रदर्शित किया गया। राजस्थान में AI अब केवल तकनीक नहीं, बल्कि सामाजिक-आर्थिक विकास का शक्तिशाली इंजन बन रहा है। राजस्थान सरकार AI के नैतिक और समावेशी उपयोग के लिए प्रतिबद्ध है। यह कॉन्फ्रेंस राज्य को डिजिटल भविष्य के लिए तैयार करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।









