साल 2025 को अलविदा कहने का समय आ चुका है. दुनियाभर में नए साल के जश्न की तैयारी चल रही है. भारत में रात 12 बजे से नया साल शुरू होगा, लेकिन न्यूजीलैंड में इसका आगाज हो चुका है. किरिबाती के किरीटीमाटी द्वीप और न्यूजीलैंड में नए साल का आगाज हुआ है. यहां जश्न और आतिशबाजी का दौर शुरू हो चुका है
न्यूजीलैंड का ऑकलैंड नए साल के जश्न में डूबा
किरिबाती प्रशांत महासागर में स्थित एक द्वीपीय देश है. यह हवाई के दक्षिण और ऑस्ट्रेलिया के उत्तर पूर्व में पड़ता है. किरिबाती के बाद न्यूजीलैंड के चैथम आइलैंड में नए साल के जश्न शुरू हो चुका है. न्यूजीलैंड के ऑकलैंड में रात 12 बजते ही आतिशबाजी करके जश्न की शुरुआत की. पूरे देश ने नए साल का स्वागत किया.
ऑस्ट्रेलिया 2026 के वेलकम को तैयार, रोशनी में नहाया हार्बर ब्रिज
ऑस्ट्रेलिया भी नए साल के जश्न में डूब गया है. यहां सिडनी के हार्बर ब्रिज को नए साल के जश्न में रोशन किया गया है. यहां लाखों की भीड़ के बीच विश्व प्रसिद्ध आतिशबाजी देखने को मिलेगी. नए साल का जश्न मनाने से पहले बॉन्डी बीच पर आतंकी हमले के पीड़ितों को विशेष श्रद्धांजलि दी जाएगी.
भारत में हुआ आखिरी सूर्यास्त
भारत में 2025 का आखिरी सूर्यास्त हो चुका है. गुवाहाटी में 2025 के आखिरी सूर्यास्त का नजारा देखने को मिला. इसका वीडियो एनआईआई न्यूज एजेंसी ने जारी किया है.
नया साल कब मनाया जाता है?
जब धरती अपने गोलार्ध का एक पूरा चक्कर काट लेती है, तो उस दिन से ही नया साल मनाया जाता है. 46वीं ईसा पूर्व जूलियस सीजर ने जूलियन कैलेंडर लागू किया था. इस कैलेंडर के तहत साल की लंबाई तय की गई थी. लीप ईयर की व्यवस्था भी लागू की गई. साथ ही 1 जनवरी को न्यूर ईयर का दिवस का घोषित किया गया. इसी के साथ सदियों पहले 1 जनवरी से नया साल मनाने की परंपरा शुरू हुई.








