पाली की खुशबू राजपुरोहित की जोधपुर में संदिग्ध हालत में मौत होने के मामले में शनिवार दूसरे दिन भी मृतका के पीहर पक्ष के लोग जोधपुर एमडीएम हॉस्पिटल के बाहर धरने पर बैठे रहे। शनिवार को पाली से बड़ी संख्या में पाली से विभिन्न समाजों के लोग और जनप्रतिनिधि धरना स्थल पहुंचे।
बता दे कि धर्मधारी हाल पाली के जवाहर नगर रहने वाले व्यापारी अमरसिंह राजपुरोहित की सबसे बड़ी बेटी खुशबू राजपुरोहित की शादी पिलोवनी हाल जोधपुर निवासी हर्षित सिंह पुत्र चंदन सिंह राजपुरोहित ने मई 2022 में हुई थी। ससुराल में परेशानी के चलते पिछले चार महीने से खुशबू अपने पीहर पाली में रह रही थी। जिसे समझाइश कर 16 अक्टूबर 2025 को उसके ससुर अपने साथ जोधपुर ले गए थे। 21 अक्टूबर को खुशबू के ससुराल से कॉल आया कि खुशबू ने कुछ खा लिया हे जिससे उसकी तबीयत बिगड़ ई। उसे इलाज के लिए एमडीएम हॉस्पिटल जोधपुर भर्ती करवाया गया है। पाली से खुशबू के पीहर पक्ष के लोग जोधपुर हॉस्पिटल पहुंचे तो खुशबू बयान देने जैसी हालत में नहीं थी। और आखिरकार इलाज के दौरान 24 अक्टूबर शुक्रवार सुबह खुशबू की मौत हो गई।

मृतका के पीहर पक्ष से पुलिस अधिकारी समझाइश करने में जुटे है। लेकिन वे आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही पोस्टमॉर्टम करवाने की मांग पर अड़े हुए है। बता दे कि मृतका के पीहर पक्ष ने उसके ससुराल पक्ष के लोगों पर खुशबू की हत्या करने का आरोप लगाया है।

मृतका के भाई इन्द्रजीत ने खुशबू के ससुराल पक्ष पर खुशबू को जहर देकर हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया। इसको लेकर उन्होंने जोधपुर महिला थाने में रिपोर्ट भी दी। पुलिस ने मामला दर्जकर जांच शुरू की। लेकिन अभी तक आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया। इसके चलते मृतका के पीहर पक्ष और समाज के लोग दूसरे दिन शनिवार को भी जोधपुर में धरने पर बैठे है। पाली से पूर्व विधायक ज्ञानचंद पारख, पूर्व सभापति महेन्द्र बोहरा, कांग्रेस नेता महावीरसिंह सुकरलाई, एडवोकेट महेन्द्रसिंह राजपुरोहित, शिवराम चौधरी, किशोर सिंह, सतीश सिंह भाटेलाई, हनुमान सिंह खाराबेरा, अर्जुन सिंह राजपुरोहित जेतपुर सहित बड़ी संख्या में राजपुरोहित समाज के लोग भी शनिवार को धरना स्थल पहुंचे।











