बालोतरा जिले में लूणी नदी एक बार फिर दो जिंदगियां निगल गई। शनिवार सुबह करीब 11 बजे के बाद का समय था जब बालोतरा से जसोल की दिशा में जा रहे एक दंपती की बाइक लूणी नदी की रपट पार करते वक्त तेज बहाव में बह गई। मृतकों की पहचान लालाराम (34) पुत्र हजारीराम और उनकी पत्नी देवू देवी, निवासी सरली कला के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, दंपती किसी काम से बालोतरा से जसोल की ओर जा रहे थे। जब वे चतुर्थ रेलवे क्रॉसिंग के पास स्थित लूणी नदी की रपट पर पहुंचे, तब नदी में पानी का बहाव काफी तेज था। बावजूद इसके उन्होंने बाइक से रपट पार करने की कोशिश की, लेकिन रपट के बीच पहुंचते ही बाइक असंतुलित हो गई और दोनों तेज धारा में बह गए।
ग्रामीणों ने यह हादसा देखा तो तुरंत पुलिस और प्रशासन को सूचना दी। कुछ ही मिनटों में सिविल डिफेंस की टीम और स्थानीय तैराक मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दोनों को बाहर निकाला गया और बालोतरा के जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटना की जानकारी मिलते ही बालोतरा एसडीएम अशोक कुमार, डीएसपी सुशील मान सहित प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी घटनास्थल पर एकत्र हो गए।
स्थानीय निवासियों ने एक बार फिर प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। ग्रामीणों का कहना है कि रपट पर न तो चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं और न ही सुरक्षा बाड़ लगाई गई है। हर साल बारिश के मौसम में इसी रपट पर हादसे होते हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।








